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चीन ने अमेरिका-इजरायल की साइबर कंपनियों के लिए अपना डिजिटल बॉर्डर सील  किया

चीन ने अमेरिका-इजरायल की साइबर कंपनियों के लिए अपना डिजिटल बॉर्डर सील  किया

चीन ने अमेरिका-इजरायल की साइबर कंपनियों के लिए अपना डिजिटल बॉर्डर सील  किया

चीन ने अमेरिका-इजरायल की साइबर कंपनियों के लिए अपना डिजिटल बॉर्डर सील  किया |राष्ट्रीय सुरक्षा के नाम पर चीन द्वारा अपनी डिजिटल सीमाये और सख्त कर ली गई हैं | नये साइबर कानून के द्वारा अमेरिकी और इजराइली साइबर सिक्योरिटी कंपनियों को चीन से बाहर का रास्ता दिखाया जा रहा है | भारी जुर्माने और डेटा लोकलाइजेशन नियमों के जरिये विदेशी टेक हेतु चीन को जोखिम भरा बना दिया गया है |

चीन ने अमेरिका-इजरायल की साइबर कंपनियों के लिए अपना डिजिटल बॉर्डर सील किया
चीन ने अमेरिका-इजरायल की साइबर कंपनियों के लिए अपना डिजिटल बॉर्डर सील किया

चीन द्वारा राष्ट्रीय सुरक्षा का हवाला देते हुए अपने देश से जुडी कंपनियों के लिये अमेरिका और इजरायल की साइबर सुरक्षा कंपनियों का सॉफ्टवेयर इस्तेमाल नही करने का निर्देश दिया है | रॉयटर्स की रिपोर्ट के अनुसार, इस फैसले के जरिये अमेरिका की कई बड़ी साइबर सिक्योरिटी कंपनियो पर असर पड़ेगा जिनके अंतर्गत वीएमवेयर (ब्रॉडकॉम के स्वामित्व वाली), फोर्टिनेट, क्राउडस्ट्राइक, सेंटिनलवन, मैनडियंट आदि  शामिल हैं | इसके अलावा इजरायल से जुडी चेक पॉइंट सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी भी इस लिस्ट में शामिल है |

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चीन सरकार से जुड़ा संशोधित साइबर सिक्योरिटी लॉ (CSL) 1 जनवरी 2026 से लागू हो चुका है | इसे विदेशी तकनीक के खिलाफ बीजिंग सरकार की ओर से सबसे सख्त कार्रवाई माना जा रहा है | नये कानून के अंतर्गत जुर्माने से जुडी राशि कई गुना बढ़ा दी गई है और पहले चेतावनी देने से सम्बन्धित शर्त भी हटा दी गई है | अब बिना मंजूरी वाला विदेशी सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल सिर्फ तकनीकी फैसला नहीं, बल्कि भारी कानूनी और आर्थिक जोखिम बन चुका है |

इंडिया टुडे की ओपन सोर्स इंटेलिजेंस (OSINT) टीम द्वारा इन संशोधनों की पड़ताल की गई है | जांच में पाया गया है कि नए कानून के अंतर्गत चीन द्वारा विदेशी तकनीक को व्यवस्थित तरीके से अपने सिस्टम से बाहर किया जा रहा है |

संशोधित आर्टिकल 23 के अंतर्गत अब हर साइबर सिक्योरिटी प्रोडक्ट के लिये चीन सरकार की ओर से कराई जाने वाली सख्त जांच से गुजरना अनिवार्य होगा | जब तक किसी सॉफ्टवेयर के लिए सरकारी सर्टिफिकेशन नहीं जारी किया जाता, उसे चीन के बाजार में बेचा या इस्तेमाल करना प्रतिबंधित होगा |

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